महासमुंद संस्कार न्यूज़ गौरव चंद्राकर/शासकीय महाप्रभु वल्लभाचार्य स्नातकोत्तर महाविद्यालय महासमुंद की यूथ रेडक्रॉस सोसायटी, रेड रिबन क्लब एवं राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के संयुक्त तत्वाधान में संस्था के प्राचार्य प्रो. डॉ. अनुसुइया अग्रवाल के मार्गदर्शन व निर्देशन में एवं डॉ. मालती तिवारी जिला संगठक रासेयो जिला महासमुंद, श्री अजय कुमार राजा रासेयो कार्यक्रम अधिकारी व यूथ रेडक्रॉस सोसायटी प्रभारी ,श्रीमती राजेश्वरी सोनी कार्यक्रम अधिकारी रासेयो एवं श्री जगदीश कुमार सत्यम सहायक यूथ रेडक्रॉस सोसायटी के नेतृत्व में आज दिनांक 1 दिसंबर 2023 को विश्व एड्स दिवस मनाया गया । विश्व एड्स दिवस कार्यक्रम में मुख्य वक्ता चित्रोत्पला बहुउद्देशीय सेवा संस्थान महासमुंद से श्री कुलेश्वर पटेल प्रोजेक्ट मैनेजर,श्री ईश्वर पटेल अकाउंटेंट, श्री अमितेश साहू काउंसलर उपस्थित रहे । कार्यक्रम में मंचस्थ अतिथियों का बैज लगाकर स्वागत किया । इस वर्ष एड्स दिवस का " थीम पीड़ित समुदाय को नेतृत्व करने दे" रहा । स्वागत उद्दबोधन डॉ. मालती तिवारी जिला संगठक रासेयो ने एड्स पर प्रकाश डालते हुए हर साल एक दिसंबर को World AIDS Day मनाया जाता है। इस दिन एड्स के बारे में लोगों में जागरूकता फैलाने की कोशिश की जाती है। एड्स एक खतरनाक बीमारी है, जिससे बचाव ही इलाज है। इस बीमारी में शरीर का इम्यून सिस्टम कमजोर हो जाता है और बीमारियों से बचाव नहीं कर पाता। यह HIV वायरस से इन्फेक्शन की वजह से होता है। इस बीमारी से जुड़े टैबू को दूर करने के लिए वर्ल्ड एड्स डे मनाया जाता है। प्राचार्य प्रो. डॉ अनुसुइया अग्रवाल द्वारा सभी छात्र छात्राओं और स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए बताया की एड्स, एचआईवी वायरस से संक्रमण के कारण होने वाली बीमारी है। आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली को नुकसान पहुंचाकर, एचआईवी वायरस शरीर के संक्रमण और बीमारी से लड़ने की क्षमता को काफी कमजोर कर देता है। यौन संचारित संक्रमण (एसटीआई) के अलावा ये संक्रमण संक्रमित रक्त के चढ़ाने, संक्रमित व्यक्ति को लगे इंजेक्शन के उपयोग से दूसरे व्यक्ति में फैल सकता है। गर्भावस्था, प्रसव या स्तनपान के दौरान मां से इसके बच्चे में भी होने का खतरा देखा जाता रहा है और सभी को सतर्क रहने और जागरूक करने के लिए कहा गया । प्राचार्य डॉ अनुसुइया अग्रवाल द्वारा एड्स से बचाव एवं जागरूकता हेतु महाविद्यालय स्टाफ एवं छात्र छात्राओं को शपथ दिलाई गई । श्री कुलेश्वर पटेल ने कहा कि एचआईवी एक वायरस है, जिसे ह्यूमन इम्युनोडेफिशिएंसी वायरस के नाम से भी जाना जाता है। एचआईवी आपके इम्युन सिस्टम की सेल्स को संक्रमित और नष्ट कर देता है, जिससे अन्य बीमारियों से लड़ना मुश्किल हो जाता है। इस तरह जब एचआईवी आपकी इम्युनिटी को पूरी तरह से कमजोर कर देता है, तो यह एक्वायर्ड इम्यूनोडेफिशियेंसी सिंड्रोम या एड्स (AIDS) का कारण बन सकता है इस पर जानकारी प्रदान किया गया । श्री ईश्वर पटेल ने एड्स की लक्षण रैश, बुखार, थकान, ठंड लगना, मुंह के छाले, गला खराब होना,मांसपेशियों में दर्द, रात में पसीना आना, लिंफ नोड्स में सूजन इत्यादि को बताया । श्री अमितेश साहू द्वारा एड्स के फैलने वाले वायरस किसी भी संक्रमित व्यक्ति के खून, वीर्य, योनि के तरल पदार्थ, स्तन के दूध और मलाशय के तरल पदार्थ के माध्यम से फैल सकता है। यह वायरस आपके मुंह, एनस, पेनिस, योनि या चोट लगी त्वचा के माध्यम से आपके शरीर में प्रवेश कर सकता है। ध्यान रखें कि एचआईवी आपकी त्वचा में तब तक प्रवेश नहीं कर सकता जब तक कि आपको कोई कट या घाव न हो। इसके अलावा एचआईवी से पीड़ित गर्भवती महिलाएं भी इसे अपने बच्चों को दे सकती हैं। असुरक्षित यौन संबंध और नशीली दवाएं लेने के लिए सूइयां साझा करना एचआईवी फैलने के सबसे आम तरीके हैं जिससे अवगत कराया । कार्यक्रम में रासेयो वरिष्ठ स्वयंसेवक प्रकाशमणि साहू, गोपी सिन्हा, प्रियांशु तिवारी, मनोज देवांगन, राजेश्वर, लोकनाथ, शीतल देवांगन, उर्मिला साहू सहित महाविद्यालय छात्र छात्राएं अधिक संख्या में उपस्थित रहे । कार्यक्रम में उपस्थित मंचस्थ अतिथियों, छात्र छात्राओं, रासेयो स्वयंसेवको का आभार व्यक्त श्री अजय कुमार राजा प्रभारी यूथ रेडक्रॉस सोसायटी व कार्यक्रम अधिकारी रासेयो द्वारा किया गया । कार्यक्रम का संचालन श्रीमती राजेश्वरी सोनी कार्यक्रम अधिकारी रासेयो महिला इकाई द्वारा किया गया ।

